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December 8 2019 04:45 PM

बिना पैसा खर्च किए घर में ही उठाए ब्यूटी पार्लर का फायदा

Posted at: Apr 13 , 2019 by Dilersamachar 11420
दिलेर समाचार, जे॰के॰ शास्त्री। आयुर्वेद के सौंदर्यवर्द्धक घरेलू प्रयोगों को न जानने वाली महिलाओं व पुरूषों में यह भ्रम फैला हुआ है कि शारीरिक सौंदर्य बढ़ाने वाले प्रयोगों का आविष्कार विदेशों में हुआ है। यह निर्विवाद सिद्ध है कि हमारे पूर्वज आयुर्वेद की सहायता से सुंदरता में वृद्धि करना अच्छी तरह से जानते थे।

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शरीर की प्रवृत्ति तो स्वस्थ रहने की ही है। हम अपनी असावधानी के कारण अस्वस्थ हो जाते हैं। पूर्ण रूप से स्वस्थ एवं सुन्दर शरीर हेतु ताजी हवा, स्वच्छ जल, स्नान, सम्यक आहार, उचित व्यायाम, शयन एवं उचित विहार अत्यंत ही आवश्यक हैं। आइये, हम आयुर्वेद की शरण लें और सौंदर्यवर्द्धक घरेलू प्रयोगों के विषय में जानें।

आंखों के आसपास कालापनः- प्रायः लौह एवं कैल्शियम की कमी से, क्रोधी स्वभाव, अनिद्रा एवं अत्यधिक कामुक विचारों से आंखों के चारों ओर कालापन छा जाता है। इस हेतु निम्न उपाय अपनाएं -

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टमाटर का रस एक चम्मच, नींबू का रस आधा चम्मच, एक चुटकी हल्दी का बारीक चूर्ण तथा थोड़ा सा बेसन मिलाकर गाढ़ा लेप बना लें। कुछ दिन तक नित्य एक बार आंखों के चारों तरफ काले घेरे पर लेप कर दस से 15 मिनट तक लगा रहने दें। सूखने के पहले ही धीरे-धीरे मलने के बाद साधारण पानी से चेहरे को धो ले। काले घेरे मिटाने का यह प्रभावशाली इलाज है।

आंखें अंदर धंसती जा रही हों तो बादाम का तेल और शहद सम मात्रा में मिलाकर धीरे-धीरे मलें। इसके लिए एक माह का प्रयोग पर्याप्त है। बादाम का तेल तथा शहद के स्थान पर सिर्फ जैतून का तेल भी प्रयोग में लाया जा सकता है।

आंखों की प्राकृतिक चमकः- एक चम्मच त्रिफला चूर्ण को रात को एक कांच अथवा चीनी मिट्टी के बर्तन में एक गिलास पानी के साथ रख दंे। सुबह मुंह में साधारण जल भरकर इस त्रिफला जल को अच्छी तरह से छानकर उससे हल्के  छींटे देते हुए आंखों को धोएं।

चेहरे के दाग-धब्बे एवं सांवलापनः- प्रतिदिन एक पके टमाटर के गूदे में नींबू के रस की कुछ बूंदें डालकर प्रातः एवं शाम चेहरे पर मलें। कुछ देर बाद पानी से धो लें। ऐसा करते रहने से कुछ ही दिनों में चेहरा दाग-रहित एवं चमकीला हो जाता है। चेहरे के धब्बों, कीलों और झुर्रियों पर रात में नींबू के रस मिश्रित एक गिलास पानी का सेवन करें। निरंतर दो तीन सप्ताह के प्रयोग से चेहरे के दाग धब्बे आदि दूर हो जाते हैं।

झुर्रियों को दूर करेंः- दूध की ठण्डी मलाई आधा चम्मच में नींबू की पांच छः बूदें मिलाकर झुर्रियों पर सोते समय अच्छी तरह मलकर फिर कुनकुने पानी से चेहरा अच्छी तरह धो लें। इसके पश्चात् सादी मलाई चेहरे पर (झुर्रियों पर) तब तक मलें जब तक मलाई घुलकर त्वचा में रम न जाए। आधे घंटे बाद पानी से धो डालें लेकिन साबुन न लगाएं। एक माह के नियमित प्रयोग से झुर्रियां दूर होती हैं।

आधा गिलास गाजर का रस नित्य शाम को कम से कम दो सप्ताह तक पीने से त्वचा की झुर्रियां दूर होती हैं। कांच अथवा चीनी मिट्टी के पात्रा में 900 ग्राम कच्चे दूध मेें नींबू रस की इतनी बूदें डालें कि दूध फट जए। इसको त्वचा पर धीरे-धीरे मलें। तत्पश्चात कुनकुने पानी से धो लें। इससे तैलीय त्वचा कोमल और कांतिमय हो जाएगी।

कच्चे दूध या दूध के झाग को रूई में लगाकर त्वचा पर मलने और पन्द्रह बीस मिनट बाद ताजे पानी से धो लेने से शुष्क एवं रूखी त्वचा स्निग्ध और कोमल हो जाती है और मुखमंडल की शोभा और कांति बढ़ती है तथा रंग निखरता है। एक आंवले का मुरब्बा प्रतिदिन प्रातः खाली पेट तीन चार महीने तक खाने से त्वचा का रंग निखरने लगता है।

नाखूनों के सौंदर्य एवं चमक के लिएः-रूई के फाहे पर नींबू के रस को लगाकर या नींबू के छिलके को नाखूनों पर रगडे़ं। कुछ देर के बाद हाथ धो लें। दो सप्ताह प्रतिदिन नियमित प्रयोग करने से तथा बाद में सप्ताह में केवल एक बार ही प्रयोग करते रहने से नाखूनों का भद्दापन एवं कमजोरी दूर होकर उन में कुदरती चमक उत्पन्न होगी और वे मजबूत बनेंगे। यदि नाखून नहीं बढ़ते हों तो गर्म पानी में नींबू का रस डालकर पांच मिनट तक अपनी अंगुलियां डुबायें रखें। फिर इन्हें तुरंत ठण्डे पानी में डाल देें।

पलकें और भौंहें घनी एवं चमकदार बनानाः- सप्ताह में दो तीन बार रात में सोते समय आंखों की पलकों और भौंहों पर एरण्डी के तेल को धीरे-धीरे लगाएं। इससे वहां बाल उत्पन्न होकर बरौनियां घनी तथा चमकदार होंगी।

पांव की बिवाइयां:- नंगे पांव घूमने या शारीरिक खुश्की से पांवों की बिवाइयां फट गई हों और एडि़यों में दरारें पड़ गई हों तो रात को सोने के पहले हल्के गर्म पानी से साधारण नमक या फिटकरी पाउडर मिलाकर उसमें पैरों को लगभग दस या पंद्रह मिनट तक डुबो कर रखें। फिर खुरदरे तौलिये से  रगड़-रगड़ कर पैर साफ कर लें। अब फटी त्वचा एवं बिवाइयों पर धीरे-धीरे एरण्डी के तेल की मालिश करें। कुछ ही दिनों के प्रयोग से लाभ होगा।

बालों में चमक एवं सौंदर्य निखार के लिएः- नींबू के छिलकों को नारियल के तेल में डुबोकर दो सप्ताह धूप में रखें, अब इसे छान कर इस तेल से बालों की जड़ों में धीरे-धीरे मालिश करें। बाल काले और घने होंगे।

होंठों की सुंदरता के लिएः- सर्दियों में खुश्की से होंठ फट जाएं तो उन पर एक चम्मच दूध की मलाई में एक चुटकी हल्दी के चूर्ण को मिलाकर धीरे-धीरे मलने व लगाने से होंठ चिकने तथा मुलायम हो जाते हैं। होंठों की लाली के लिए दही के मक्खन में केसर मिलाकर होंठों पर मलना चाहिए या देशी गुलाब की पंखुडि़यों को पीसकर उसमें थोड़ी सी ग्लिसरीन मिलाकर इसको नियमित रूप से होंठांे पर लगाना चाहिए। नींबू निचोड़ी हुई फांक से होंठांे को रगड़ंे। कुछ दिनों के नियमित प्रयोग से होंठों का कालापन दूर होगा।

स्तन सौंदर्य के लिएः- शरीर के विकास के साथ स्तनों का समुचित विकास न हो तो उस पर एरण्डी के तेल या बादाम के तेल से कुछ महीने तक प्रतिदिन पांच-छः मिनट धीरे-धीरे मालिश करते रहने से स्तन पुष्ट एवं विकसित हो जाते हैं। (उर्वशी)


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