Logo
April 4 2020 12:18 PM

दीपिका पादुकोण को लेकर केंद्रीय मंत्री बाबुल सुप्रियो ने दिया ये बड़ा बयान

Posted at: Jan 15 , 2020 by Dilersamachar 5454

दिलेर समाचार, दुर्ग: केंद्रीय वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री बाबुल सुप्रियो ने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय जाने पर अभिनेत्री दीपिका पादुकोण के लिए सोशल मीडिया में आपत्तिजनक शब्दों के इस्तेमाल की निंदा की, लेकिन यह सवाल भी किया कि वह विश्वविद्यालय में केवल एक समूह से ही क्यों मिलीं. सुप्रियो ने नागरिकता संशोधन कानून के पक्ष में दुर्ग जिले में सभा करने से पहले संवाददाता सम्मेलन में जेएनयू जाने पर सोशल मीडिया में दीपिका पादुकोण के विरोध के सवाल पर कहा कि वह दीपिका के बहुत बड़े प्रसंशक हैं. उन्होंने एक फिल्म में उनके किरदार से प्रभावित होकर अपनी बेटी का नाम नैना रखा है.

उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया के जमाने में लोगों को यह खुली छूट मिल गई है कि वे कुछ भी लिख सकते हैं. मंत्री ने कहा कि दीपिका पादुकोण का जेएनयू में जाना और उनसे मिलना जिनका नाम अभी आरोपी के रूप में सामने आ रहा है, वहीं दूसरे समूह से नहीं मिलना, यह कुछ लोगों को खटक रहा था.

सुप्रियो का परोक्ष इशारा दीपिका के जेएनयू परिसर जाने और जेएनयू छात्रसंघ की अध्यक्ष तथा वामपंथी छात्र संगठन की नेता आइशी घोष से मिलने की तरफ था. सुप्रियो ने कहा कि आप किसी से भी प्यार करते हैं लेकिन उनके सभी फैसले आपको सही लगें, ऐसा नहीं हो सकता है. अपनी फिल्म के प्रचार के लिए पादुकोण का जेएनयू जाना और उस समय एक ही समूह से मिलना कुछ लोगों को अच्छा नहीं लगा. उन्होंने कहा, ‘‘उनमें से कुछ ने गलत शब्दों का प्रयोग किया है जिसकी मैं घोर निंदा करता हूं. किसी भी हालत में किसी भी फोरम पर किसी भी तरीके का घटिया शब्द या अपशब्द का उपयोग नहीं होना चाहिए.''

सुप्रियो ने बाद में सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी और वामपंथी पार्टियों पर टिप्पणी करते हुए कहा कि तीन चार दिनों तक लोकसभा और राज्यसभा में नागरिकता संशोधन विधेयक पर चर्चा हुई. कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस और वाम दलों समेत सभी दलों के नेता बैठे हुए थे. जो भी सवाल उठाया गया, सबके गृहमंत्री अमित शाह ने बेहतर जवाब दिये. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इसकी सराहना की थी.

उन्होंने राहुल पर व्यंग्य कसते हुए कहा कि कांग्रेस नेता को सीएए के बारे में हिंदी, अंग्रेजी में जानकारी समझ में नहीं आई होगी. हम उन्हें इतालवी संस्करण भेजने वाले हैं. सुप्रियो ने कहा कि वाम दलों से जुड़े लोगों को यदि नहीं समझ में आया हो तो उन्हें चाइनीज में भेज देंगे.

ये भी पढ़े: अपने 15 विधायकों का काटा आप ने पत्ता, 9 बाहरी लोगों का थमाया दामन


Tags:

Related Articles

Popular Posts

Photo Gallery

Images for fb1
fb1

STAY CONNECTED